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7 नवम्बर 2026, शनि

पहलगाम हमले के बाद जम्मू-कश्मीर में बड़ी कार्रवाई: डोडा-किश्तवाड़ में छापे, NIA जांच और आगे क्या हुआ

पहलगाम के पास बैसरन घाटी का घास का मैदान और देवदार के जंगल

22 अप्रैल 2025 को जम्मू-कश्मीर में पहलगाम के पास बैसरन घास के मैदान में आतंकियों ने पर्यटकों पर हमला किया, जिसमें 26 लोगों की जान गई। इसके बाद के दिनों में सुरक्षा बलों और पुलिस ने पूरे केंद्र शासित प्रदेश में तलाशी, छापे और हिरासत की बड़ी मुहिम चलाई। यह पोस्ट मई 2025 की शुरुआत में उसी कार्रवाई पर लिखी गई थी। अब इसे सत्यापित तथ्यों और बाद में सामने आए नतीजों के साथ दोबारा लिखा गया है।

पुरानी पोस्ट में क्या सुधारा गया

पहले की पोस्ट में लिखा था कि डोडा जिले में पहलगाम के पास हमला हुआ, जिसमें जवान घायल हुए। यह भौगोलिक रूप से भी गलत था, क्योंकि डोडा जम्मू संभाग की चिनाब घाटी में है, जबकि पहलगाम कश्मीर घाटी के अनंतनाग जिले में आता है। मई 2025 की शुरुआत में डोडा में किसी नए आतंकी हमले की पुष्टि किसी विश्वसनीय स्रोत से नहीं हुई। उस दौरान डोडा में असल में पुलिस की छापेमारी चल रही थी। Times of India के अनुसार पहलगाम हमले के बाद पुलिस ने डोडा में 13 जगहों पर छापे मारे, और Daily Excelsior के मुताबिक डोडा व किश्तवाड़ में आतंकियों के घरों की तलाशी ली गई।

हमले के बाद की कार्रवाई

  • NIA ने जांच संभाली: राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने हमले की जांच अपने हाथ में ली और मई की शुरुआत में जेल में बंद लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े दो लोगों से पूछताछ की।
  • हिरासत और PSA: 3 मई तक कश्मीर पुलिस करीब 100 संदिग्धों को हिरासत में ले चुकी थी, जिनमें 75 पर पब्लिक सेफ्टी एक्ट लगाया गया।
  • श्रीनगर से जंगलों तक तलाशी: पुलिस ने श्रीनगर समेत कई इलाकों में आतंक समर्थक नेटवर्क के ठिकानों पर तलाशी लेकर हथियार, दस्तावेज और डिजिटल उपकरण जब्त किए।
  • चिनाब घाटी में निगरानी: Amar Ujala के अनुसार डोडा, किश्तवाड़ और भद्रवाह के जंगलों में आतंकियों की मौजूदगी की आशंका पर ड्रोन से निगरानी बढ़ाई गई और ग्राम रक्षा गार्ड को सतर्क किया गया।

The Guardian और The Indian Express ने यह भी बताया कि इस व्यापक कार्रवाई में बड़ी संख्या में लोगों को हिरासत में लिया गया और संदिग्ध आतंकियों से जुड़े कुछ घर गिराए गए, जिस पर स्थानीय लोगों ने नाराजगी भी जताई।

बाद में क्या हुआ

7 मई 2025 को भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में आतंकी ठिकानों पर हमले किए। 22 जून 2025 को NIA ने पहलगाम के दो स्थानीय लोगों, परवेज अहमद जोठर और बशीर अहमद जोठर, को हमलावरों को खाना, पनाह और दूसरी मदद देने के आरोप में UAPA के तहत गिरफ्तार किया। NIA के अनुसार इन दोनों ने तीनों हमलावरों की पहचान लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े पाकिस्तानी नागरिकों के रूप में की।

28 जुलाई 2025 को श्रीनगर के पास दाचीगाम-लिदवास इलाके में ऑपरेशन महादेव के दौरान सेना, CRPF और जम्मू-कश्मीर पुलिस ने तीन आतंकियों को मार गिराया। अगले दिन गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा में बताया कि ये सुलेमान उर्फ फैसल जट, हमजा अफगानी और जिबरान थे, और फॉरेंसिक, बैलिस्टिक व गवाहों के बयान जैसे सबूतों से इनका पहलगाम हमले से संबंध साबित हुआ।

अमरनाथ यात्रा 2025, जिसकी तैयारी को लेकर पुरानी पोस्ट में चिंता जताई गई थी, 3 जुलाई से 9 अगस्त तक चली। यह पहलगाम हमले के बाद पहली बड़ी तीर्थयात्रा थी, इसलिए इसके लिए केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों की करीब 581 कंपनियां तैनात की गईं, सेना ने ऑपरेशन शिवा चलाया और दोनों यात्रा मार्गों को नो-फ्लाई जोन घोषित किया गया।

आप पर क्या असर पड़ेगा / आगे क्या

जम्मू-कश्मीर घूमने या अमरनाथ जैसी यात्रा पर जाने की योजना बना रहे लोगों के लिए सबसे जरूरी है कि वे केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करें। सुरक्षा स्थिति, बंद रास्तों और यात्रा परामर्श की जानकारी जम्मू-कश्मीर पुलिस, जिला प्रशासन और श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड के आधिकारिक माध्यमों से लें। तनाव के समय सोशल मीडिया पर बिना पुष्टि वाले ब्रेकिंग दावे तेजी से फैलते हैं, जैसा इस पोस्ट के पुराने संस्करण में डोडा हमले के दावे के साथ हुआ। कोई संदिग्ध गतिविधि दिखे तो 112 पर पुलिस को सूचना दें। पहलगाम मामले में NIA की जांच और अदालती कार्यवाही आगे भी चलेगी, और उसकी आधिकारिक जानकारी NIA की प्रेस विज्ञप्तियों में आती है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

पहलगाम हमला कब और कहां हुआ था?

22 अप्रैल 2025 को पहलगाम के पास बैसरन घास के मैदान में; इसमें 26 लोगों की मौत हुई।

क्या मई 2025 की शुरुआत में डोडा में आतंकी हमला हुआ था?

किसी विश्वसनीय स्रोत से इसकी पुष्टि नहीं हुई; उस समय डोडा में पुलिस छापेमारी कर रही थी।

पहलगाम हमले के आरोपी आतंकियों का क्या हुआ?

28 जुलाई 2025 को ऑपरेशन महादेव में तीन आतंकी मारे गए, जिनका संबंध सरकार ने पहलगाम हमले से बताया।

पहलगाम हमले की जांच कौन कर रहा है?

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA), जिसने जून 2025 में हमलावरों को पनाह देने के आरोप में दो लोगों को गिरफ्तार किया।

स्रोत: Times of India; Daily Excelsior; Amar Ujala; Mint; The New Indian Express; Kashmir Life; The Guardian; The Hindu; The Indian Express; PIB; NDTV; Akashvani News.

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