Breaking
6 नवम्बर 2026, शुक्र

विश्व कुश्ती चैंपियनशिप: नीलम और काजल ने जीते रजत, भारत के लिए ऐतिहासिक दिन

जापानी पहलवान युई सुसाकी की फाइल फोटो

कजाकिस्तान के अस्ताना में चल रही विश्व कुश्ती चैंपियनशिप 2026 में बुधवार, 28 अक्टूबर को भारत की नीलम सिरोही और काजल ढोचक ने रजत पदक जीते। दोनों अपने-अपने फाइनल हार गईं, लेकिन भारतीय कुश्ती के लिए यह ऐतिहासिक दिन रहा। स्पोर्टस्टार, इंडिया टुडे और खेलनाउ की रिपोर्टों के आधार पर पूरा ब्योरा यहां है।

नीलम सिरोही: 50 किग्रा में रजत

स्पोर्टस्टार के अनुसार जापान की युई सुसाकी ने 26 वर्षीय नीलम को पहले पीरियड के खत्म होने से ठीक पहले पिन कर दिया और एक भी अंक गंवाए बिना एक और स्वर्ण जीता। सुसाकी के नाम पहले से चार विश्व खिताब हैं: एक 48 किग्रा में और तीन 50 किग्रा में। इंडिया टुडे के अनुसार नीलम 0-5 से पिछड़ने के बाद फॉल से हारीं। इंडिया टुडे ने सुसाकी को ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेता भी बताया है।

फाइनल तक का सफर इंडिया टुडे के मुताबिक कुछ इस तरह रहा: नीलम ने बेलारूस की नतालिया वरकिना को 6-0 से हराकर शुरुआत की, क्वार्टरफाइनल में रूस की एलिजावेटा स्मिरनोवा चोट के कारण हट गईं और सेमीफाइनल में उन्होंने कजाकिस्तान की जेइनेप बयानोवा को 7-3 से हराया। रिपोर्ट के अनुसार वह उत्तर प्रदेश के मथुरा की हैं, दिल्ली के नजफगढ़ स्टेडियम में प्रशिक्षण लेती हैं और उनके परिवार में कुश्ती की पृष्ठभूमि रही है।

काजल ढोचक: 76 किग्रा में रजत

18 वर्षीय काजल 76 किग्रा के रोमांचक फाइनल में यूक्रेन की अनास्तासिया अल्पयेवा से 6-8 से हार गईं। स्पोर्टस्टार के मुताबिक स्कोर 4-4 था और करीब 30 सेकंड बचे थे, तब काजल क्राइटेरिया पर आगे थीं, लेकिन दो बार की यूरोपीय चैंपियन अल्पयेवा ने टर्न और एक्सपोजर लेकर 8-4 की बढ़त बना ली। काजल ने आखिर में टेकडाउन किया, मगर वह हार टालने के लिए काफी नहीं था।

इंडिया टुडे के अनुसार काजल ने सेमीफाइनल में किर्गिस्तान की आइपेरी मेदेत क्यीजी के खिलाफ 1-7 से पिछड़ने के बाद 10-7 से जीत दर्ज की थी। मेदेत क्यीजी तीन बार की विश्व चैंपियनशिप पदक विजेता हैं। उनकी यह उपलब्धि इसलिए भी खास है कि सीनियर विश्व चैंपियनशिप में यह उनका पदार्पण था। उन्होंने इससे पहले दो बार U20 विश्व खिताब जीते थे: 2025 में 72 किग्रा में और 2026 में 76 किग्रा में।

क्यों खास है यह उपलब्धि

  • स्पोर्टस्टार के अनुसार पहली बार एक ही संस्करण में दो भारतीय महिलाओं ने रजत जीता।
  • दोनों खिलाड़ी अंशु मलिक (57 किग्रा, ओस्लो 2021) के बाद विश्व चैंपियनशिप में रजत जीतने वाली अकेली भारतीय महिलाएं बनीं।
  • इंडिया टुडे और खेलनाउ के अनुसार काजल विश्व चैंपियनशिप में हेवीवेट श्रेणी में पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला हैं।
  • खेलनाउ के अनुसार भारत के अब तक विश्व चैंपियनशिप में कुल 26 पदक हैं: 1 स्वर्ण, 7 रजत और 18 कांस्य।

राजनीता का सफर थमा

65 किग्रा में राजनीता का अभियान रेपेचेज राउंड में खत्म हुआ। वह जापान की नाना इकेहाता से 2-6 से हार गईं और कांस्य पदक मुकाबले में नहीं पहुंच सकीं।

अब आगे क्या

खेलनाउ के अनुसार महिला कुश्ती के आखिरी दो भार वर्ग, 55 किग्रा और 59 किग्रा, गुरुवार को होने हैं। भारत के पास फिलहाल इस प्रतियोगिता में दो पदक हैं: दोनों रजत।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

नीलम सिरोही ने कौन सा पदक जीता?

उन्होंने 50 किग्रा में रजत जीता। फाइनल में जापान की युई सुसाकी ने उन्हें पिन किया।

काजल ढोचक किस भार वर्ग में खेलीं?

76 किग्रा में। वह फाइनल में अनास्तासिया अल्पयेवा से 6-8 से हारीं और रजत पदक जीता।

क्या यह भारत के लिए ऐतिहासिक है?

रिपोर्टों के अनुसार हां, क्योंकि पहली बार दो भारतीय महिलाएं एक ही संस्करण के फाइनल में पहुंचीं और दोनों ने रजत जीता।

भारत के अब तक कितने पदक हैं?

इस चैंपियनशिप में दो रजत। विश्व चैंपियनशिप के इतिहास में 26 पदक (खेलनाउ के अनुसार)।

नोट: जानकारी 28 अक्टूबर 2026 तक की रिपोर्टों पर आधारित है।

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *