Breaking
6 नवम्बर 2026, शुक्र

असम Oil India तेंगाखात टैंक फार्म में आग: एक की मौत, छह घायल; रखरखाव के दौरान IDBH में धधका

असम के दुलियाजान (डिब्रूगढ़) में Oil India Limited का फील्ड मुख्यालय परिसर

असम के डिब्रूगढ़ जिले में शुक्रवार, 6 नवंबर 2026 की सुबह Oil India Limited (OIL) के टैंक फार्म में भीषण आग लग गई। कंपनी के आधिकारिक बयान और The Hindu तथा Indian Express की रिपोर्ट्स के अनुसार Intermediate Tank Farm (ITF), तेंगाखात में रखरखाव के दौरान Indirect Bath Heater (IDBH) क्षेत्र में करीब सुबह 9:05 बजे आग भड़की। सात ठेका कर्मियों को जलने की चोटें आईं; उनमें से एक की मौके पर ही मौत हो गई और छह घायल अस्पताल में भर्ती हैं।

OIL ने स्पष्ट किया कि यह हीटर 4 नवंबर से रखरखाव के लिए अलग (isolated) कर दिया गया था। घटना संचालन-रखरखाव (O&M) ठेकेदार के कर्मियों के काम के दौरान हुई। Indian Express/PTI के अनुसार मृतक का नाम राजू दत्ता बताया गया है; वे और घायल मुंबई स्थित Spectron Engineers Private Limited के कर्मचारी थे, जिन्हें OIL ने साइट पर काम के लिए लगाया था।

घटना कहाँ और कैसे नियंत्रित हुई

तेंगाखात ITF, OIL के फील्ड मुख्यालय दुलियाजान के पास डिब्रूगढ़ जिले में स्थित है। कंपनी के NSE को भेजे प्रेस बयान के मुताबिक साइट की फिक्स्ड फायर-फाइटिंग व्यवस्था तुरंत सक्रिय हुई; OIL फायर सर्विस ने फायर टेंडर और Dry Chemical Powder (DCP) टेंडर भेजे। कुल 11 फायर टेंडर लगाए गए। आग दोपहर 12:30 बजे बुझा दी गई और स्थिति नियंत्रण में बताई गई।

The Hindu (6 नवंबर, गुवाहाटी) के अनुसार छह घायलों में से पाँच को असम मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (AMCH), डिब्रूगढ़ और एक को OIL हॉस्पिटल, दुलियाजान ले जाया गया। OIL ने आंतरिक जाँच समिति गठित कर तुरंत और मूल कारण, नुकसान का आकलन तथा भविष्य में ऐसी घटनाएँ रोकने के सुझाव माँगे हैं। कंपनी ने शोक संतप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदना भी जताई।

पृष्ठभूमि: OIL और असम का तेल क्षेत्र

Oil India Limited भारत की प्रमुख सार्वजनिक क्षेत्र की हाइड्रोकार्बन अन्वेषण-उत्पादन कंपनी है; इसका फील्ड मुख्यालय दुलियाजान (डिब्रूगढ़) में है। असम के ऊपरी क्षेत्र में तेल-गैस इंस्टॉलेशन दशक-दर-दशक से राज्य की अर्थव्यवस्था और ऊर्जा आपूर्ति से जुड़े रहे हैं। ITF जैसे टैंक फार्म कच्चे तेल के भंडारण/हैंडलिंग के संवेदनशील नोड होते हैं—वहाँ रखरखाव के दौरान भी सख्त सुरक्षा प्रोटोकॉल जरूरी माने जाते हैं। इस बार हीटर रखरखाव के लिए अलग था, फिर भी आग लगी; इसलिए जाँच समिति का निष्कर्ष महत्वपूर्ण होगा—क्या प्रक्रिया, उपकरण या ठेकेदार सुरक्षा में कोई चूक रही।

मीडिया रिपोर्ट्स में कुछ शुरुआती बयानों में घायलों की संख्या या मौत की जानकारी अलग-अलग आई थी; बाद में OIL के आधिकारिक आंकड़े—एक मौत, छह घायल—पर अधिकांश राष्ट्रीय रिपोर्ट्स टिकीं। ETV Bharat जैसी स्थानीय रिपोर्ट्स में कुछ घायलों के नाम (जैसे तापस गगई, शैलेन गगई, कुमुद गगई, गोलाप दत्ता, इंद्र गगई) भी आए; TrendFlash यहाँ आधिकारिक OIL आंकड़े को प्राथमिक मान रहा है।

आप पर क्या असर पड़ेगा / आगे क्या

  • स्थानीय निवासी: आग बुझ चुकी है और OIL ने स्थिति नियंत्रण में बताई है; फिर भी क्षेत्र में अफवाहों से बचें, आधिकारिक अपडेट देखें।
  • ठेका/औद्योगिक सुरक्षा: ऊर्जा इंस्टॉलेशन पर काम करने वाले ठेकेदार कर्मियों के लिए यह दोहराव है कि isolated उपकरण पर भी SOP, PPE और इमरजेंसी ड्रिल अनिवार्य हैं।
  • परिवार/रिश्तेदार: घायलों का इलाज AMCH और OIL हॉस्पिटल में चल रहा है; आधिकारिक हेल्पलाइन/कंपनी अपडेट ही विश्वसनीय स्रोत मानें।
  • जाँच: OIL की आंतरिक समिति कारण और सुधार सुझाएगी; अगर राज्य प्रशासन/श्रम विभाग अलग जाँच या मुआवजा प्रक्रिया खोले तो उसकी अधिसूचना का इंतजार करें।
  • बाजार/ऊर्जा: घटना एक रखरखाव साइट तक सीमित बताई गई; व्यापक उत्पादन ठप होने का आधिकारिक दावा नहीं आया—फिर भी OIL/ऊर्जा मंत्रालय के अगले अपडेट पर नजर रखें।

शुक्रवार की यह घटना याद दिलाती है कि तेल-गैस क्षेत्र में “रूटिन मेंटेनेंस” भी उच्च-जोखिम काम है। एक कर्मचारी की जान चली गई; छह अन्य गंभीर रूप से घायल हैं—जाँच के नतीजे और पीड़ित परिवारों को राहत दोनों अहम हैं।

स्रोत: Oil India Limited प्रेस बयान (NSE फाइलिंग, 6 नवंबर 2026); The Hindu; Indian Express/PTI। आंकड़े और चिकित्सा स्थिति अपडेट हो सकती है; अंतिम जानकारी OIL/स्थानीय प्रशासन की आधिकारिक सूचना से लें।

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *