विदेश मंत्रालय (MEA) ने बुधवार, 28 अक्टूबर 2026 को बताया कि चल रहे पश्चिम एशिया संघर्ष में अब तक 22 भारतीय नागरिकों की जान गई है, जिनमें 14 नाविक (सीफेयरर) शामिल हैं। प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने नियमित ब्रीफिंग में यह जानकारी दी। न्यू इंडियन एक्सप्रेस और आईएएनएस की रिपोर्टों के आधार पर यहां मुख्य बातें हैं।
MEA ने क्या कहा
न्यू इंडियन एक्सप्रेस के अनुसार जायसवाल ने कहा, “हम पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष को लेकर बेहद चिंतित हैं। इसमें हमने 22 भारतीय नागरिक खोए हैं, जिनमें 14 नाविक हैं।” उन्होंने यह भी कहा कि भारत खाड़ी क्षेत्र में अपने समुदाय के संपर्क में है ताकि उनकी सुरक्षा और कुशलक्षेम सुनिश्चित हो सके। उनके अनुसार सऊदी अरब में अब तक तीन भारतीयों की मौत हुई है। आईएएनएस के अनुसार जायसवाल ने कहा कि कुल मृतकों के सवाल पर वे पहले भी यही बता चुके हैं कि भारत ने 22 नागरिक खोए हैं।
संघर्ष की पृष्ठभूमि
न्यू इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक यह संघर्ष फरवरी में अमेरिका और इज़राइल के ईरान पर हमलों के बाद शुरू हुआ। भारत लगातार बातचीत और कूटनीति से समाधान की अपील करता रहा है। रिपोर्ट के अनुसार हूती हमलों की एक श्रृंखला के बाद क्षेत्र में तनाव बढ़ा है और भारत ने सऊदी अरब के नागरिक ढांचे और आर्थिक संपत्तियों पर हमलों पर गंभीर चिंता जताई है, यह चेतावनी देते हुए कि इससे क्षेत्रीय स्थिरता और बाब-अल-मंदेब जलडमरूमध्य में नौवहन की आजादी को खतरा है। ईरान समर्थित हूती समूह ने सऊदी अरब की ईस्ट-वेस्ट तेल पाइपलाइन पर हमला किया, जो देश में कच्चे तेल की ढुलाई का अहम रास्ता है। रिपोर्ट के अनुसार संघर्ष के कारण होर्मुज जलडमरूमध्य से नौवहन बाधित है, जिससे यह पाइपलाइन सऊदी तेल निर्यात के लिए अहम वैकल्पिक मार्ग बनी हुई है।
सऊदी अरब में भारतीयों के लिए एडवाइजरी
आईएएनएस के अनुसार 16 अक्टूबर को सऊदी अरब में भारतीय दूतावास ने नागरिकों को सावधानी बरतने की सलाह दी थी। दूतावास ने X पर कहा कि हवाई हमले की स्थिति में तुरंत इमारत के अंदर खिड़कियों से दूर किसी सुरक्षित स्थान या अंदरूनी कमरे में जाएं और चल रही घटनाओं से जुड़ी जानकारी, फोटो या वीडियो फिल्माने, प्रकाशित या साझा करने से बचें। दूतावास के अधिकारी अस्पतालों में भर्ती भारतीयों से मिलते रहते हैं और उनके परिवारों के संपर्क में रहकर मदद दे रहे हैं। भारत ने सऊदी अरब में नागरिक ढांचे पर हमलों को “अस्वीकार्य” बताते हुए सऊदी की संप्रभुता की रक्षा में एकजुटता जताई।
नाविकों का मुद्दा क्यों अहम
मृतकों में 14 नाविक होना दिखाता है कि समुद्री रास्तों में जोखिम का असर भारतीय कामगारों पर सीधे पड़ रहा है। इस रिपोर्ट में नाविकों की मौत की जगह, तारीख या जहाजों का ब्योरा नहीं दिया गया है, इसलिए उसके बारे में कोई निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता। खाड़ी में रहने वाले भारतीय परिवार दूतावास की ताजा एडवाइजरी देखते रहें।
भारत का रुख और अपील
आईएएनएस के अनुसार जायसवाल ने इसी महीने पहले हुई एक द्विसाप्ताहिक ब्रीफिंग में भी उम्मीद जताई थी कि क्षेत्र में जल्द शांति और सामान्य स्थिति लौटेगी। उन्होंने बताया था कि सऊदी अरब में भारतीय दूतावास भारतीय समुदाय के नियमित संपर्क में है और एडवाइजरी जारी करता रहता है। न्यू इंडियन एक्सप्रेस के अनुसार भारत ने सऊदी अरब के नागरिक ढांचे और आर्थिक संपत्तियों को निशाना बनाने वाले हमलों पर “गंभीर चिंता” जताई है। यानी सरकार की लाइन दो हिस्सों में है: एक तरफ नागरिकों की सुरक्षा के लिए लगातार संपर्क और सलाह, और दूसरी तरफ संघर्ष का हल बातचीत और कूटनीति से निकालने की अपील।
खाड़ी में रह रहे परिवार क्या करें
दूतावास की 16 अक्टूबर की सलाह के आधार पर सऊदी अरब में रहने वाले भारतीयों के लिए मुख्य बातें ये हैं: सावधानी बरतें, हवाई हमले की स्थिति में तुरंत इमारत के अंदर किसी सुरक्षित जगह या खिड़कियों से दूर किसी अंदरूनी कमरे में जाएं, और घटनाओं के फोटो-वीडियो न बनाएं, न प्रकाशित या साझा करें। किसी भी मदद के लिए भारतीय दूतावास के आधिकारिक चैनल और X हैंडल पर जारी ताजा सूचना देखें। यह जानकारी सार्वजनिक एडवाइजरी पर आधारित है और व्यक्तिगत सलाह नहीं है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
पश्चिम एशिया संघर्ष में कितने भारतीयों की मौत हुई?
MEA के अनुसार 22, जिनमें 14 नाविक हैं।
सऊदी अरब में कितनी मौतें हुईं?
MEA प्रवक्ता के मुताबिक तीन भारतीयों की।
भारत की क्या अपील है?
भारत बातचीत और कूटनीति से समाधान की अपील कर रहा है और नागरिक ढांचे पर हमलों की निंदा करता है।
नोट: आंकड़े 28 अक्टूबर 2026 को MEA की ब्रीफिंग के हैं और स्थिति बदलने पर संशोधित हो सकते हैं।

