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6 नवम्बर 2026, शुक्र

ओडिशा दक्षता विकास योजना: कैबिनेट ने दी ₹450 करोड़ की मंजूरी, 4.2 लाख युवा; AI-क्लाउड स्किल और विदेश रोज़गार

नेशनल स्किल ट्रेनिंग इंस्टिट्यूट का प्रवेश द्वार—दक्षता विकास योजना का प्रतीकात्मक चित्र

ओडिशा मंत्रिमंडल ने मंगलवार, 13 अक्टूबर 2026 को मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी की अध्यक्षता में दक्षता विकास योजना को मंजूरी दे दी। मुख्य सचिव अनु गर्ग की ब्रिफिंग के अनुसार योजना का बजट ₹450 करोड़ है और अवधि दो वर्ष की है। लक्ष्य करीब 4.2 लाख युवाओं को उद्योग-केंद्रित स्किल, डिजिटल स्किलिंग, विदेश रोज़गार सहयोग और संस्थागत मज़बूती से जोड़ना है।

योजना में क्या-क्या है?

  • प्लेसमेंट-लिंक्ड शॉर्ट-टर्म ट्रेनिंग: 1.17 लाख युवा
  • डिजिटल स्किलिंग: 3 लाख युवा—AI, क्लाउड, डेटा एनालिटिक्स, साइबर सिक्योरिटी जैसे उभरते क्षेत्रों में
  • विदेश रोज़गार सहयोग: जर्मन/जापानी जैसी भाषाएं, सांस्कृतिक ओरिएंटेशन, सर्टिफिकेशन, वीज़ा सहायता, यात्रा सहयोग और पोस्ट-प्लेसमेंट सेवाएं
  • स्किल हब (HEI): उच्च शिक्षा संस्थानों में NSQF-अलाइन कोर्स, पढ़ाई के साथ प्लेसमेंट-लिंक्ड स्किल
  • कमज़ोर वर्ग: दिव्यांग (PwD), जेल कैदी, ट्रांसजेंडर व्यक्ति, PVTG समुदाय—लक्षित प्रोजेक्ट
  • CM Skill Development Fellowship: 40 फेलो ज़िलों में डिमांड असेसमेंट, स्किल गैप और इंडस्ट्री पार्टनरशिप के लिए
  • Skilled-In-Odisha Digital Hub: उम्मीदवार ट्रैकिंग और स्किलिंग नतीजों की निगरानी के लिए एंड-टू-एंड डिजिटल सिस्टम

New Indian Express और UNI के अनुसार यही रूपरेखा कैबिनेट ब्रिफिंग में बताई गई। कुछ वेबसाइटों पर बजट की गलत/बड़ी संख्या घूम रही है—आधिकारिक ब्रिफिंग लाइन ₹450 करोड़ पर टिके रहें।

इसी दिन जुड़ा एक और बड़ा फैसला

कैबिनेट ने शहरी जलभराव से निपटने के लिए Urban Storm Water Drainage कार्यक्रम को भी मंजूरी दी—₹500 करोड़, 2026–27 से 2030–31। दक्षता योजना का फोकस युवा रोज़गार है; ड्रेनेज अलग इंफ्रा मुद्दा है, पर उसी कैबिनेट दिन का हिस्सा है।

क्यों जरूरी है यह योजना?

ओडिशा की युवा आबादी बड़ी है, पर इंडस्ट्री-रेडी स्किल और डिजिटल एक्सपोज़र में अंतर बना रहता है। विदेश रोज़गार एजेंटों के ऊंचे शुल्क और फर्जी ऑफर की शिकायतें भी आम हैं। सरकार अगर भाषा, वीज़ा और पोस्ट-प्लेसमेंट को एक छतरी में लाती है तो युवाओं को ठगी से बचाने का मौका मिलता है—अमल पर निर्भर। Digital Hub का वादा पारदर्शिता का है: कितने ट्रेन हुए, कितने जॉब लगे—आंकड़े सार्वजनिक होने चाहिए।

आप पर क्या असर पड़ेगा

  • ओडिशा के युवा: मुफ्त/सब्सिडी वाली शॉर्ट-टर्म ट्रेनिंग और डिजिटल कोर्स का दरवाज़ा खुलने वाला है। असली फायदा तब होगा जब जिला स्किल सेंटर/कॉलेज पोर्टल पर आवेदन और प्लेसमेंट लिस्ट समय पर लगे।
  • विदेश जाना चाहते हैं: भाषा + वीज़ा + पोस्ट-प्लेसमेंट सपोर्ट का पैकेज कोचिंग-एजेंट के महंगे प्रॉमिस से सस्ता और सुरक्षित विकल्प बन सकता है—बशर्ते सरकार मान्यता प्राप्त पार्टनर तय करे।
  • कॉलेज छात्र: NSQF स्किल हब का मतलब डिग्री के साथ इंडस्ट्री सर्टिफिकेट—रिज्यूमे में “सिर्फ मार्कशीट” से आगे की बात।
  • कमज़ोर वर्ग: PwD, जेल से छूटे युवा, ट्रांसजेंडर और PVTG के लिए अलग ट्रैक का वादा है; लोकल NGO/ज़िला प्रशासन से संपर्क सूची बाद में जारी होने पर अपडेट देखें।
  • अन्य राज्यों के पाठक: सीधे लाभार्थी नहीं, पर मॉडल देखकर अपने राज्य की स्किल स्कीम से तुलना कर सकते हैं—क्या डिजिटल स्किल और ओवरसीज़ सपोर्ट वहां भी है?

आगे क्या

अब विभाग गाइडलाइन, ट्रेनिंग पार्टनर और आवेदन विंडो तय करेगा। Digital Hub लाइव होने पर ट्रैकिंग पारदर्शी होनी चाहिए—कितने ट्रेन हुए, कितने जॉब पर लगे। फेलोशिप के 40 पदों की भर्ती प्रक्रिया भी अलग से आएगी। अफवाह वाले “₹2,450 करोड़” जैसे आंकड़ों से बचें; कैबिनेट ब्रिफिंग ₹450 करोड़ कहती है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

दक्षता विकास योजना का बजट कितना है?

कैबिनेट ब्रिफिंग के अनुसार ₹450 करोड़, अवधि दो वर्ष।

कितने युवा लाभान्वित होंगे?

करीब 4.2 लाख—जिनमें 1.17 लाख प्लेसमेंट-लिंक्ड शॉर्ट-टर्म और 3 लाख डिजिटल स्किलिंग शामिल हैं।

विदेश रोज़गार में क्या मिलेगा?

भाषा प्रशिक्षण (जैसे जर्मन/जापानी), सर्टिफिकेशन, वीज़ा-यात्रा सहयोग और पोस्ट-प्लेसमेंट सेवाएं—योजना के दायरे में।

CM स्किल फेलोशिप क्या है?

40 फेलो ज़िलों में स्किल गैप और इंडस्ट्री पार्टनरशिप पर काम करेंगे; कैबिनेट ने इसे जारी रखने की मंजूरी दी।

स्रोत: The New Indian Express (14 Oct 2026), UNI, OrissaPOST / Kalinga TV कैबिनेट कवरेज; मुख्य सचिव अनु गर्ग की ब्रिफिंग।

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